
भारत बनाम पाकिस्तान… मुकाबला बड़ा था, दबाव भारी था, लेकिन टीम इंडिया ने ऐसा खेल दिखाया कि पाकिस्तान की पूरी टीम 17 ओवर में ही ढेर हो गई। बल्लेबाजी में स्मृति और ऋचा ने आग उगली तो गेंदबाजी में दीप्ति शर्मा ने ऐसा पंजा मारा कि पाकिस्तान संभल ही नहीं पाया।
महिला टी-20 विश्व कप में भारत ने अपने अभियान की शुरुआत धमाकेदार अंदाज में करते हुए चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान को 64 रनों के बड़े अंतर से हरा दिया। बल्लेबाजी, गेंदबाजी और फील्डिंग तीनों विभागों में शानदार प्रदर्शन करते हुए भारतीय टीम ने यह संदेश दे दिया कि वह इस बार खिताब जीतने की प्रबल दावेदार है।

भारतीय कप्तान हरमनप्रीत कौर ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया, लेकिन टीम इंडिया की शुरुआत अच्छी नहीं रही। सलामी बल्लेबाज शेफाली वर्मा महज 6 रन बनाकर आउट हो गईं, जबकि जेमिमा रोड्रिग्स भी ज्यादा देर क्रीज पर नहीं टिक सकीं। शुरुआती झटकों के बाद उपकप्तान स्मृति मंधाना और कप्तान हरमनप्रीत कौर ने पारी को संभालने की जिम्मेदारी उठाई।
स्मृति मंधाना ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 44 गेंदों में 68 रन बनाए। उनकी पारी में आकर्षक चौके और बेहतरीन टाइमिंग देखने को मिली। दूसरी ओर कप्तान हरमनप्रीत कौर ने 35 गेंदों में 36 रनों का योगदान देकर टीम को मजबूती प्रदान की।
एक समय ऐसा लग रहा था कि भारतीय टीम 150 रन तक भी नहीं पहुंच पाएगी, लेकिन विकेटकीपर बल्लेबाज ऋचा घोष ने मैदान पर आते ही मैच का रुख बदल दिया। ऋचा ने सिर्फ 17 गेंदों में 34 रनों की विस्फोटक पारी खेली और पाकिस्तानी गेंदबाजों पर जमकर हमला बोला। उनकी ताबड़तोड़ बल्लेबाजी की बदौलत भारत ने निर्धारित 20 ओवर में 6 विकेट खोकर 170 रन बनाए और पाकिस्तान के सामने 171 रनों का चुनौतीपूर्ण लक्ष्य रखा।
लक्ष्य का पीछा करने उतरी पाकिस्तान की शुरुआत जरूर अच्छी रही। दोनों सलामी बल्लेबाजों ने पहले विकेट के लिए 38 रन जोड़कर भारतीय टीम की चिंता बढ़ाई, लेकिन इसके बाद भारतीय गेंदबाजों ने ऐसा शिकंजा कसा कि पाकिस्तानी बल्लेबाज एक-एक कर पवेलियन लौटते चले गए।
पाकिस्तान की ओर से विकेटकीपर बल्लेबाज मुनीबा अली ने सबसे ज्यादा 41 रन बनाए, लेकिन उन्हें दूसरे छोर से किसी बल्लेबाज का साथ नहीं मिला। भारतीय गेंदबाजों के सामने पूरी पाकिस्तानी टीम महज 106 रन पर सिमट गई और मुकाबला भारत के नाम रहा।
इस जीत की सबसे बड़ी हीरो रहीं अनुभवी ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा। उन्होंने अपने चार ओवर के स्पेल में सिर्फ 10 रन खर्च करते हुए पांच विकेट झटक दिए। इसके अलावा उन्होंने शानदार फील्डिंग का प्रदर्शन करते हुए मुनीबा अली को बेहतरीन रन आउट भी किया। दीप्ति की घातक गेंदबाजी ने पाकिस्तान की बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी।
दीप्ति शर्मा को उनके शानदार प्रदर्शन के लिए प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। वहीं युवा गेंदबाज श्री चरणी ने तीन विकेट लेकर पाकिस्तान की मुश्किलें और बढ़ा दीं, जबकि शेफाली वर्मा ने भी एक विकेट अपने नाम किया।
विश्व कप के पहले ही मुकाबले में पाकिस्तान के खिलाफ इतनी बड़ी जीत ने भारतीय टीम का आत्मविश्वास कई गुना बढ़ा दिया है। टीम इंडिया ने यह साबित कर दिया कि वह सिर्फ जीतने नहीं, बल्कि विश्व कप ट्रॉफी अपने नाम करने के इरादे से मैदान में उतरी है। अब भारतीय फैंस की नजरें अगले मुकाबले पर होंगी, जहां टीम इंडिया अपनी जीत की लय बरकरार रखने की कोशिश करेगी।


